|
फॉर्मा
|
|
रैनबैक्सी दवा उत्पादन के क्षेत्र में देश की सबसे बड़ी कंपनी है और विश्व में इसका आठवाँ स्थान है।
रैनबैक्सी की 11 देशों में विश्वस्तरीय मैन्यूफैक्चरिंग इकाईयाँ हैं और 125 देशों में इसके ग्राहक फैले हुए हैं। रैनबैक्सी की स्थापना 1961 में हुई थी और 1973 में यह पब्लिक कंपनी बनी। जून 2008 में जापानी फार्मास्युटिकल कंपनी दाइची सांक्यो ने रैनबैक्सी के प्रमोटरों का 34.82% हिस्सा खरीदा है। दाइची सांक्यो अतिरिक्त 20% हिस्सा ओपन ऑफर के जरिये खरीदा। फिलहाल दाइची सांक्यो की रैनबैक्सी में 50% से ज्यादा हिस्सेदारी है। करार के अनुसार मलविंदर सिंह कंपनी के सीईओ और एमडी थे। लेकिन हाल ही में मलविंदर सिंह ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। अतुल सोबती अब रैनबैक्सी के नये सीईओ और एमडी हैं। साल 2008 में रैनबैक्सी को 1,032.3 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। इस साल में कंपनी की बिक्री 6.8% बढ़ कर 4,305 करोड़ रुपये रही। वहीं कंपनी की कुल आय 9.3% बढ़ कर 4,585.7 करोड़ रुपये रही। |
|
Last Updated ( Tuesday, 23 June 2009 14:07 )
|