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फॉर्मा
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मुंबई-स्थित सन फार्मास्युटिकल्स की स्थापना साल 1983 में हुई थी। हालाँकि इसने अपनी शुरुआत केवल पाँच उत्पादों के साथ की थी, लेकिन वक्त बीतने के साथ कंपनी का विस्तार होता चला गया। इस विस्तार में कंपनी द्वारा किये गये अधिग्रहणों ने प्रमुख भूमिका निभायी। साल 1996 में इसने नॉल फार्मा के कारोबार की खरीद से शुरुआत की। इसके बाद इसने अमेरिकी दवा कंपनी कराको फार्मास्युटिकल्स लेबोरेटरीज में हिस्सेदारी खरीदी। इसके अलावा इसने गुजरात लाइका ऑर्गेनिक्स और फिर एमजे फार्मास्युटिकल्स में हिस्सा अधिग्रहित किया। साल 1997 में सन फार्मास्युटिकल्स में टीडीपीएल का विलय हो गया। इसके बाद 1998 में कंपनी ने नैटको फार्मा के कुछ ब्रांडों को खरीद लिया। सन फार्मा के अधिग्रहणों का सिलसिला यहीं नहीं रुका। इसने इसके बाद प्रदीप ड्रग कंपनी, फ्लोक्स फॉर्मा और आईसीएन के कारोबार को भी हासिल किया। साल 2007 में इसने इसराइल की टारो फार्मा को खरीदने के निश्चयात्मक समझौते पर हस्ताक्षर किये, लेकिन अगले ही साल टारो के निदेशक मंडल ने इसे नकार दिया। यह मामला अभी भी विचाराधीन है। कारोबारी साल 2008-09 में कंपनी ने 3,861.55 करोड़ रुपये का कारोबार किया, जबकि इसे इस दौरान 1,265.29 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा हुआ। कारोबारी साल 2009-10 की पहली तिमाही में सन फार्मा को 121.51 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ, जबकि इस दौरान इसकी आय 476.75 करोड़ रुपये रही।
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Last Updated ( Monday, 19 October 2009 14:17 )
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