|
कंपनियों की सुर्खियाँ
|
|
आनंद राठी सिक्योरिटीज (Anand Rathi Securities) का मानना है कि देश की 6 सबसे बड़ी आईटी कंपनियाँ पिछली तिमाही के मुकाबले जुलाई-सितंबर 2010 की तिमाही के दौरान अपनी आमदनी में 7.5% बढ़ोतरी दर्ज करेंगी।
वहीं इन कंपनियों के मुनाफे में तिमाही-दर-तिमाही 6.7% बढ़ोतरी का अनुमान है। यह अनुमान रुपये में दिखाये जाने वाले आँकड़ों के आधार पर है। इस ब्रोकिंग फर्क की ताजा रिपोर्ट में एक खास अनुमान यह है कि इन्फोसिस (Infosys) साल 2010-11 के लिए अपनी डॉलर आय के अनुमान को 21-23% बढ़ा सकती है। वहीं इसकी सालाना प्रति शेयर आय (EPS) का अनुमान बढ़ा कर 116-120 रुपये किये जाने की बात इस रिपोर्ट में कही गयी है। मार्जिन के बारे में आनंद राठी सिक्योरिटीज का कहना है कि इसमें 0.1% अंक की कमी आ सकती है, यानी मोटे तौर पर यह लगभग सपाट ही रहेगा। लेकिन इसने यह भी कहा है कि मार्जिन के मोर्चे पर इन शीर्ष 6 कंपनियों का प्रदर्शन मिला-जुला रहेगा। एचसीएल टेक्नोलॉजीज (HCL Technologies) और विप्रो (Wipro) ने कर्मचारियों के वेतन-भत्ते बढ़ाये हैं। साथ ही टीसीएस (TCS) ने कर्मचारियों को तरक्की दी है। इसका असर मार्जिन पर दिखेगा। बीती तिमाही के दौरान डॉलर का औसत भाव 46.5 रुपये रहा है, जबकि अप्रैल-जून तिमाही में यह 45.7 रुपये था। आनंद राठी सिक्योरिटीज का कहना है कि टेक महिंद्रा को इसका सबसे ज्यादा फायदा मिलेगा, क्योंकि इसकी ज्यादा बिलिंग पाउंड और यूरो में होती है। इसकी रिपोर्ट में कहा गया है कि आईटी कंपनियों की सेवाओं की दरें कुछ बढ़त के रुझान के साथ स्थिर रहेंगी। लेकिन कामकाज की मात्रा (वॉल्यूम) में औसतन 4-7% की बढ़ोतरी दिखेगी। (शेयर मंथन, 12 अक्टूबर 2010) |
|
Last Updated ( Tuesday, 12 October 2010 18:04 )
|