एक निवेशक जानना चाहते हैं कि उन्हें डॉ. रेड्डी (Dr. Reddy's Laboratories) के शेयर में आगे क्या करना चाहिए? आइए, बाजार विश्लेषक शोमेश कुमार से जानते हैं कि शेयरों में आगे क्या होने की संभावना है?
बाजार विश्लेषक शोमेश कुमार इस सवाल के जवाब में कहते हैं कि फार्मा सेक्टर की प्रमुख कंपनी डॉ. रेड्डी इन दिनों निवेशकों के लिए एक दिलचस्प लेकिन धैर्य मांगने वाला स्टॉक बनती दिखाई दे रही है। हालिया विश्लेषण में कंपनी के फंडामेंटल्स को लेकर यह माना गया कि वैल्यूएशन के लिहाज से स्टॉक फिलहाल बहुत महंगा नहीं दिख रहा, लेकिन तेज ग्रोथ की कमी इसकी सबसे बड़ी चुनौती बनी हुई है। कंपनी का पीई रेशियो करीब 18 के आसपास चल रहा है, जबकि ऐतिहासिक रूप से यह अक्सर 20-22 के दायरे में ट्रेड करता रहा है। इसका मतलब यह है कि बाजार ने पहले की तुलना में कंपनी को थोड़ा कम प्रीमियम देना शुरू कर दिया है। इसकी मुख्य वजह ग्रोथ में आई सुस्ती मानी जा रही है। पहले जहां कंपनी 15-20% की ग्रोथ दिखाती थी, वहीं अब ग्रोथ घटकर सिंगल डिजिट या करीब 10% के आसपास दिखाई दे रही है। इसी कारण निवेशकों का उत्साह भी थोड़ा सीमित नजर आ रहा है।
तकनीकी नजरिए से देखें तो स्टॉक लंबे समय से एक तय दायरे में फंसा हुआ दिखाई दे रहा है। नीचे की तरफ करीब 1150 रुपये का मजबूत सपोर्ट माना जा रहा है, जबकि ऊपर की तरफ 1300 रुपये के आसपास रेजिस्टेंस बना हुआ है। यानी फिलहाल शेयर एक रेंज-बाउंड मूवमेंट में है, जहां बहुत बड़ा डाउनसाइड भी नहीं दिख रहा और बहुत तेज अपसाइड की संभावना भी फिलहाल सीमित मानी जा रही है।
कंपनी के अगले एक-दो तिमाहियों के नतीजे बेहद महत्वपूर्ण होंगे। यदि ग्रोथ दोबारा मजबूत होती दिखाई देती है, तभी स्टॉक में नई तेजी का आधार बन सकता है। फिलहाल बाजार कंपनी की कम होती ग्रोथ को लेकर सतर्क नजर आ रहा है और इसी वजह से शेयर लंबे समय से कंसोलिडेशन फेज में बना हुआ है। चार्ट पर बनी लंबी ट्रेंडलाइन को भी काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यह ट्रेंडलाइन तब तक बड़ी रुकावट बनी रह सकती है जब तक स्टॉक इसके ऊपर निर्णायक ब्रेकआउट नहीं देता। इसलिए लंबे समय के निवेशकों के लिए धैर्य रखना जरूरी हो सकता है। जब तक यह मजबूत रेजिस्टेंस पार नहीं होता, तब तक शेयर में बड़ी नई चाल की उम्मीद करना जल्दबाजी माना जा सकता है।
डॉ. रेड्डी फिलहाल ऐसा स्टॉक दिख रहा है जहां जोखिम बहुत ज्यादा नहीं है, लेकिन रिटर्न की रफ्तार भी सीमित रह सकती है। ऐसे में निवेशकों के लिए आने वाले तिमाही नतीजों और ग्रोथ ट्रेंड पर नजर बनाए रखना सबसे अहम रहेगा।
(शेयर मंथन, 29 अप्रैल 2026) (आप किसी भी शेयर, म्यूचुअल फंड, कमोडिटी आदि के बारे में जानकारों की सलाह पाना चाहते हैं, तो सवाल भेजने का तरीका बहुत आसान है! बस, हमारे व्हाट्सऐप्प नंबर +911147529834 पर अपने नाम और शहर के नाम के साथ अपना सवाल भेज दें।)