खबरों के अनुसार जेट एयरवेज (Jet Airways) के निदेशक मंडल की एक अनिर्धारित बैठक हुई है।
खबर है कि बैठक में बिना किसी नये निवेशक के पूँजी जुटाने के विभिन्न तरीकों पर विचार किया गया, क्योंकि कंपनी के चेयरमैन नरेश गोयल जेट एयरवेज का नियंत्रण नहीं छोड़ना चाहते हैं। 25 साल पहले गोयल ने ही जेट एयरवेज की स्थापना की थी।
जेट एयरवेज के निदेशक मंडल की बैठक में लागत घटाने के उपायों पर विमर्श किया गया। पिछली लगातार तीन तिमाहियों में घाटे के बाद नकदी की कमी के बीच जेट एयरवेज संचालन चालू रखने के लिए धनराशि की सख्त जरूरत है। इससे पहले कंपनी ने पूँजी जुटाने के लिए कई निवेशकों के साथ हिस्सेदारी बेचने को लेकर बात भी की है। मगर अभी तक किसी निवेशक के साथ बातचीत का कोई नतीजा नहीं निकला है।
इससे पहले दिसंबर के पहले सप्ताह में खबर आयी थी कि नकदी संकट से गुजर रही जेट एयरवेज को 2-3 महीनों में नया निवेशक मिल सकता है। नवंबर के अंतिम सप्ताह में हुई बैठक में कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों ने पायलटों को इस बात की जानकारी दी थी। 26 नवंबर को वेतन में देरी सहित कई मुद्दों पर तसल्ली देने के लिए जेट एयरवेज के अधिकारियों ने पायलटों के साथ बैठक की थी।
उधर बीएसई में जेट एयरवेज का शेयर 252.35 रुपये के पिछले बंद स्तर के मुकाबले आज हल्की बढ़ोतरी के साथ 253.80 रुपये पर खुला। कारोबार के दौरान कंपनी के शेयर का ऊपरी स्तर 258.90 रुपये और निचला स्तर 25.00 रुपये पर रहा। अंत में यह 0.10 रुपये या 0.04% की मामूली वृद्धि के साथ 252.45 रुपये पर बंद हुआ। इस भाव पर कंपनी की बाजार पूँजी 2,867.77 करोड़ रुपये है। (शेयर मंथन, 21 दिसंबर 2018)