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कपास, चना और कॉटन ऑयल सीड केक में सुस्त कारोबार की संभावना - एसएमसी

कपास वायदा (अप्रैल) की कीमतों के नरमी के रुझान के साथ 975-995 रुपये के दायरे में साइडवेज कारोबार करने की संभवना है।

हाल ही में कपास की कीमतों में तेजी के बाद आवक में बढ़ोतरी होने लगी और आगामी दिनों में भी आवक में बढ़ोतरी होगी, जिससे कीमतों पर दबाव रह सकता है। भारतीय कपास संगठन ने अपने दिसंबर के अनुमान में 2017-18 में 375 लाख बेल के अपने उत्पादन अनुमान को बरकरार रखा है। विभिन्न स्त्रोतों से प्राप्त आँकड़ो के आधार पर भारतीय कपास संगठन का अनुमान है कि दिसंबर 2017 के अंत तक 147.75 लाख बेल कपास की आवक हुई है, जबकि 31 दिसंबर 2016 तक कुल 108 लाख बेल कपास की आवक हुई थी। इस तरह से कुल उत्पादन अनुमान के 39% कपास की आवक बाजारों में हो चुकी है। आवक की रफ्तार को देखते हुए भारतीय कपास संगठन का अनुमान है कि 2017-18 में 375 लाख बेल के उत्पादन अनुमान को प्राप्त किया जा सकता है। चना वायदा (मार्च) कीमतों के 3,780 3,830 रुपये के दायरे में कारोबार करने की संभावना है। इस आपूर्ति की अधिकता से कीमतों पर दबाव बना रह सकता है क्योंकि मौजूदा रबी सीजन में देश में चने का बंपर उत्पादन होने का अनुमान है। नवीनतम आँकड़ों के अनुसर मध्य प्रदेश में चने का उत्पादन 3.50 मिलियन हेक्टेयर से अधिक हो गया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 22.7% अधिक है, जबकि कर्नाटक में उत्पादन 31.1% बढ़ कर 1.37 मिलियन हेक्टेयर और महाराष्ट्र में 0.4% बढ़ कर 1.69 मिलियन हेक्टेयर हो गया है। केंद्र सरकार ने इस वर्ष 22.9 मिलियन दालों के उत्पादन का लक्ष्य निर्धारित किया है, जो लगभग पिछले वर्ष के बराबर है। कॉटन ऑसल सीड केक वायदा (फरवरी) की कीमतों के 1,770-1,830 रुपये के दायरे में कारोबार करने की संभावना हैं। स्टॉकिस्टों की ओर से अधिक माँग के कारण कड़ी बाजार में कॉटन ऑयल सीड केक की कीमतों में स्थिरता है। (शेयर मंथन, 08 जनवरी 2018)

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