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सोयाबीन के लिए 3,390 रुपये के स्तर पर है बाधा - एसएमसी

सोयाबीन वायदा (जनवरी) की कीमतों में 3,355 के नजदीक सहारा और 3,390 रुपये पर बाधा रहने की संभावना है।

कारोबारियों को चीन का सोयामील निर्यात की पूरी उम्मीद है। बेंचमार्क इंदौर में सोयाबीन की कीमतें 50-100 रुपये की बढ़त के साथ 3,200-3,350 रुपये 100 किलो ग्राम के दायरे में हैं। जबकि प्लांट डिलीवरी की कीमतें 25 रुपये की बढ़त के साथ 3,450 रुपये प्रति 100 किलो ग्राम हो गयी हैं।
सरसों वायदा (जनवरी) की कीमतों के 3,980 रुपये के सहारा स्तर से नीचे टूटने और 3,960-3940 रुपये तक लुढ़कने की संभावना है। नाफेड द्वारा सरसों की लगातार बिकवाली के कारण कीमतों पर दबाव पड़ रहा है। 14 दिसंबर 2018 तक नाफेड ने हरियाणा और राजस्थान के विभिन्न बाजारों में 2,132 टन सरसों की बिक्री की है। नाफेड ने 3,851-3,920 रुपये के दायरे में सरसों की बिक्री की है। नाफेड द्वारा रबी सीजन 2017 में खरीदे गये 8.78 लाख टन सरसों में से अभी लगभग 4.67 टन स्टॉक पड़ा हुआ है।
सीपीओ (दिसंबर) वायदा की कीमतों को 512 रुपये के स्तर पर अड़चन रहने की संभावना है और कीमतों की बढ़त पर रोक लग सकती है। भारत और मलेशिया के बीच अक्टूबर 2010 में एक करार के तहत भारत द्वारा मलेशिया से आयात किये जाने वाले सभी उत्पादों पर शुल्क आपसी सहमति से तय एक सीमा से अधिक नही लगाया जायेगा। कच्चे पॉम तेल और रिफाइंड पॉम तेल पर शुल्क क्रमशः 40% और 45% से अधिक नही लगाया जा सकता है। इस कदम के बाद मलेशिया से भारत में पॉम तेलों के अधिक आयात की संभावना है। (शेयर मंथन, 18 दिसंबर 2018)

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