शेयर मंथन में खोजें

फेडरल रिजर्व के फैसले से पहले भारतीय बाजार में मजबूती, सेंसेक्स (Sensex)174 अंक चढ़ा

भारतीय शेयर बाजार में आज बुधवार को दिन भर सकारात्मक रुझान बना रहा। अमेरिकी बाजार और एशियाई बाजारों से मिले अच्छे संकेतों के बीच भारतीय बाजार ने भी सुबह में बढ़त के साथ ही शुरुआत की थी और पूरे सत्र में यह हरे निशान में चलता रहा।

बीएसई का सेंसेक्स (Sensex) 173 अंक या 0.69% की बढ़त के साथ 25,494 पर बंद हुआ। एनएसई का निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 50.00 अंक या 0.65% की मजबूती के साथ 7,750.90 पर बंद हुआ।
छोटे-मँझोले शेयरों के सूचकांक भी हरे निशान में रहे, हालाँकि इनकी बढ़त कुछ हल्की रही। बीएसई मिडकैप 0.35% ऊपर बंद हुआ, जबकि बीएसई स्मॉलकैप में 0.24% की बढ़त दर्ज हुई। एनएसई के निफ्टी मिडकैप 100 में 0.41% और निफ्टी स्मॉल 100 में 0.28% की मजबूती नजर आ रही है।
सेंसेक्स के दिग्गज शेयरों में ओएनजीसी, भारती एयरटेल, आईसीआईसीआई बैंक, ल्युपिन, एनटीपीसी और इन्फोसिस सबसे तेज रहे। दूसरी ओर महिंद्रा ऐंड महिंद्रा में पूरे सत्र में दबाव जारी रहा और यह 5.44% की तीखी गिरावट के साथ बंद हुआ। आईटीसी, विप्रो, हिंडाल्को, हिंदुस्तान यूनिलीवर और एलऐंडटी के शेयर भी दबाव में नजर आये। (शेयर मंथन, 16 दिसंबर 2015)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख