शेयर मंथन में खोजें

बाजार में आयी गिरावट, सेंसेक्स 150 अंक फिसला

बैंकिंग और वित्तीय, तेल-गैस तथा एफएमसीजी शेयरों में कमजोरी के कारण आज भारतीय शेयर बाजार के दोनों प्रमुख सूचकांक में गिरावट आयी।

पीएनबी में 9 करोड़ रुपये से अधिक का एक नया घोटाला सामने आने से आज बैंकिंग शेयरों पर दबाव पड़ा। साथ ही वैश्विक बाजारों में गिरावट ने भी भारतीय बाजार पर नकारात्मक प्रभाव डाला। बीएसई सेंसेक्स 33835.74 अंकों के पिछले बंद स्तर की तुलना में 33,843.47 पर खुला और 33866.28 के ऊपरी स्तर तक चढ़ा। 33637.28 का निचले स्तर से होकर कारोबार के अंत में सेंसेक्स 150.20 अकं या 0.44% की कमजोरी के साथ 33,685.54 पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी 10,410.90 के पिछले बंद भाव के मुकाबले 10,405.45 पर खुल कर अंत में 50.75 अंकों या 0.49% की गिरावट के साथ 10,360.15 पर बंद हुआ। आज निफ्टी का ऊपरी स्तर 10,420.00 और निचला स्तर 10,346.20 का रहा। वहीं वीआईएक्स (VIX) सूचकांक 0.22% की गिरावट के साथ 14.33 अंकों पर रहा।
दूसरी ओर प्रमुख सूचकांकों के मुकाबले छोटे-मंझोले सूचकांकों में खरीदारी हुई। बीएसई मिडकैप में 0.49% और बीएसई स्मॉलकैप में 0.80% की बढ़त आयी। वहीं निफ्टी मिडकैप 100 में 0.39% की मजबूती और निफ्टी स्मॉल 100 में 0.84% की मजबूती दर्ज की गयी।
बीएसई के 31 शेयरों में से 11 शेयर हरे और बाकी 20 शेयर लाल निशान में रहे। आज के कारोबार में सेंसेक्स के दिग्गज शेयरों में से एशियन पेंट्स में 2.14%, एचडीएफसी बैंक में 0.79%, महिंद्रा ऐंड महिंद्रा में 0.67% कोल इंडिया में 0.66%, और ओएनजीसी में 0.50% की बढ़त हुई। गिरने वाले शेयरों में यस बैंक में 2.04%, रिलायंस इंडस्ट्रीज में 1.76%, आईसीआईसीआई बैंक में 1.60%, हिंदुस्तान यूनिलीवर में 1.48% और टाटा स्टील में 1.46% कमजोरी दर्ज की गयी। वहीं निफ्टी के प्रमुख 50 शेयरों में से 12 शेयरों में तेजी के साथ ही 38 शेयरों में गिरावट आयी। (शेयर मंथन, 15 मार्च 2018)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख