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डॉ रेड्डीज की सब्सिडियरी का ओलेमा फार्मास्यूटिकल्स के साथ करार का ऐलान

डॉ रेड्डीज की सब्सिडियरी ने अमेरिकी कंपनी ओलेमा फार्मास्यूटिकल्स के साथ करार का ऐलान किया है। कंपनी ने यह करार कैंसर के क्षेत्र में अनुसंधान, विकास, बिक्री के लिए किया है।

 डॉ रेड्डीज की सब्सिडियरी ने अमेरिकी कंपनी ओलेमा फार्मास्यूटिकल्स के साथ करार का ऐलान किया है। कंपनी ने यह करार कैंसर के क्षेत्र में अनुसंधान, विकास, बिक्री के लिए किया है।इसके तहत कैंसर के अज्ञात लक्ष्य को रोकने के लिए नोवल स्मॉल मोलेक्यूल (कण) विकसित किए जाएंगे जो कैंसर कोशिकाओं की ग्रोथ को रोकेंगे। इस दिशा में अमेरिकी कंपनी ओलेमा और डॉ, रेड्डीज की सब्सिडियरी ऑरिजिन टेक्नोलॉजीज ने एक्सक्लूसिव वैश्विक लाइसेंस समझौता किया है। (Aurigene) ऑरिजिन टेक्नोलॉजीज के पहले से तय प्रोग्राम के अधिकार के लिए करार की शर्तों के तहत ओलेमा फार्मास्यूटिकल्स 80 लाख अमेरिकी डॉलर का अग्रिम भुगतान करेगी। इसके अलावा ऑरिजिन टेक्नोलॉजीज को संभावित क्लिनिकल डेवलपमेंट और रेगुलेटरी माइलस्टोन के लिए 6 करोड़ अमेरिकी डॉलर मिलेंगे। साथ ही 37 करोड़ अमेरिकी डॉलर तक इसके व्यावसायिकरण के लिए मिलेंगे। इसके अलावा कंपनी को 5-10 फीसदी के रेंज में रॉयल्टी भी मिलेगी। यह सालाना बिक्री पर आधारित होगा। रिसर्च के दौरान ओलेमा नई दवा की खोज के लिए Aurigene को फंडिंग करते रहेगी। दोनों कंपनियां संयुक्त रुप से प्री-क्लिनिकल का काम करेंगी। इसके सफल होने पर ओलेमा फार्मास्यूटिकल्स के पास रेगुलेटरी और व्यावसायिक गतिविधियों की जिम्मेदारी होगी। Aurigene के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मुरली रामचंद्र के मुताबिक ओलेमा फार्मा के साथ इस समझौते से Aurigene की कैंसर के क्षेत्र में किए गए काम की विशेषज्ञता साबित होती है। यह नई खोज के अलावा प्री-क्लिनिकल डेवलपमेंट के लिए भी सही है।

 

(शेयर मंथन, 9 जून 2022)

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