शेयर मंथन में खोजें

मारुति सुजुकी (Maruti Suzuki) : बलेनो आरएस (Baleno RS) के दामों में 1 लाख रुपये की कटौती

देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी (Maruti Suzuki) ने अपनी बलेनो आरएस (Baleno RS) की कीमत में 1 लाख रुपये की भारी कटौती का ऐलान किया है।

बलेनो आरएस अब 1 लाख रुपये की एक्स-शोरूम कीमत उपलब्ध होगी।
इसी सप्ताह मारुति ने अपने विभिन्न मॉडलों की कीमतों में 5,000 रुपये तक की कटौती की थी। कंपनी ने ऑटोमोबाइल उद्योग में माँग को पुनर्जीवित करने के लिए सरकार की पहल का स्वागत करते हुए उपभोक्ताओं को कॉर्पोरेट कर कटौती का लाभ पहुँचाने के लिए वाहनों की कीमतें घटाने की बात कह थी।
मारुति ने जिन मॉडलों के दाम घटाये उनमें ऑल्टो 800, ऑल्टो के10, स्विफ्ट डीजल, सेलेरियो, बलेनो डीजल, इग्निस, डिजायर डीजल, टूर एस डीजल, विटारा ब्रेजा और एस-क्रॉस शामिल हैं। कंपनी के वाहनों के घटे हुए दाम 25 सितंबर से प्रभाव में आ चुके हैं।
बीएसई में मारुति सुजुकी का शेयर 6,860.10 पिछले बंद स्तर की तुलना में सुबह लाल निशान में 6,852.30 रुपये पर खुल कर अभी तक के सत्र में 6,739.30 रुपये के निचले स्तर तक फिसला है।
करीब 2 बजे कंपनी के शेयरों में 37.45 रुपये या 0.55% की गिरावट के साथ 6,822.65 रुपये पर कारोबार हो रहा है। इस भाव पर कंपनी की बाजार की पूँजी 2,05,853.97 करोड़ रुपये है। वहीं इसके पिछले 52 हफ्तों का शिखर 8,085.05 रुपये और निचला स्तर 5,447.00 रुपये रहा है। (शेयर मंथन, 27 सितंबर 2019)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख