शेयर मंथन में खोजें

डिजिटाइजेशन, ऑटोमेशन के लिए टाटा पावर का एनेल ग्रुप के साथ करार

टाटा पावर ने एनेल ग्रुप (Enel Group) के साथ करार का ऐलान किया है। कंपनी ने यह करार बिजली वितरण के क्षेत्र में पावर डिजिटाइजेशन, ऑटोमेशन के लिए किया है। टाटा पावर देशभर में वितरण नेटवर्क के लिए कंपनी इस तकनीक का इस्तेमाल करेगी।

 आपको बता दें कि एनेल ग्रुप (Enel Group) वैश्विक पावर और रिन्युएबल बाजार के बड़े इंटीग्रेटेड कंपनियों में से एक है। कंपनी की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि दिल्ली वितरण कारोबार में दो पायलट प्रोजेक्ट्स में डिजिटाइजेशन तकनीक को लागू करेगी। इसके लिए एनेल ग्रुप (Enel Group) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और टाटा पावर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और प्रबंध निदेशक प्रवीर सिन्हा ने करार पर हस्ताक्षर किया। इस समझौते के तहत टाटा पावर की वितरण सब्सिडियरी टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन यानी टीपीडीडीएल (टीपीडीडीएल) जिसके ग्राहकों की संख्या 19 लाख है जो उत्तरी दिल्ली में है, एनेल ग्रुप की सब्सिडियरी Gridspertise के साथ मिलकर काम करेगी। Gridspertise कंपनी पर संयुक्त तौर से एनेल ग्रिड्स और सीवीसी (CVC) कैपिटल पार्टनर्स का नियंत्रण है। पायलट प्रोजेक्ट के पहले चरण के तहत सेकेंडरी सबस्टेशन के डिजिटाइजेशन, ऑटोमेशन के काम पर फोकस होगा। दूसरे प्रोजेक्ट के तहत Gridpertises के मीटरिंग तकनीक को दिल्ली पावर डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क में पायलट बेसिस पर लागू किया जाएगा। इसमें न्यू हाइब्रिड स्मार्ट मीटरिंग टेक्नोलॉजी के टेस्टिंग और आंकलन का लक्ष्य है। इसमें हाइब्रिड पावर लाइन कम्यूनिकेशन (PLC) और रेडियो फ्रीक्वेंसी के जरिए दोहरा कम्यूनिकेशन चैनल स्थापित किया जाएगा। इसमें पीएलसी और आरएफ के तहत ऑटो स्विचिंग की सुविधा होगी जो फील्ड की वास्तविक स्थिति केआधार पर तय होगा। प्रवीर सिन्हा के मुताबिक नई तकनीक के जरिए हाइब्रिड मीटर तकनीक को बढ़ावा देना मकसद है। कंपनी के पावर वितरण नेटवर्क में 1.2 करोड़ ग्राहक हैं। कंपनी ने 5 लाख स्मार्ट मीटर लगाने का मुकाम हासिल किया है।

 

(शेयर मंथन 2 मार्च, 2023)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख