शेयर मंथन में खोजें

एसऐंडपी बीएसई सेंसेक्स

52 हफ्तों के शिखर के करीब पहुँचा अदाणी ट्रांसमिशन (Adani Transmission) का शेयर

अदाणी ग्रुप (Adani Group) की पावर ट्रांसमिशन कंपनी अदाणी ट्रांसमिशन (Adani Transmission) के शेयर में 3.5% से ज्यादा की बढ़ोतरी देखने को मिल रही है।

कंपनी को आरईसी ट्रांसमिशन प्रोजेक्ट्स (REC Transmission Projects) से ठेका मिला है। यह ठेका गुजरात में एक ट्रांसमिशन परियोजना के निर्माण तथा 35 वर्षों के लिए संचालन और रखरखाव का है।
जाम खंबालिया ट्रांसको (Jam Khambaliya Transco) नाम की परियोजना में जाम खंबालिया (गुजरात) में 400 केवी सबस्टेशन के साथ 400 केवी डी/सी लाइन के 40 सर्किट किलोमीटर की स्थापना की जानी है। इस परियोजना का निर्माण विशेष तौर पर जामनगर में गुजरात के पवन और सौर ऊर्जा क्षेत्र से दीर्घकालिक अनुप्रयोगों से जुड़े ट्रांसमिशन सिस्टम की स्थापना के लिए किया जा रहा है।
उधर बीएसई में अदाणी ट्रांसमिशन का शेयर 264.80 रुपये के पिछले बंद भाव की तुलना में मामूली वृद्धि के साथ 265.55 रुपये पर खुल कर अभी तक के कारोबार में 277.85 रुपये के शिखर तक चढ़ा है, जो इसके पिछले 52 हफ्तों के 279.50 रुपये के उच्चतम स्तर के काफी करीब है।
करीब साढ़े 11 बजे कंपनी के शेयरों में 9.45 रुपये या 3.57% की बढ़ोतरी के साथ 274.25 रुपये पर कारोबार हो रहा है। इस भाव पर कंपनी की बाजार पूँजी 30,162.29 करोड़ रुपये है। वहीं पिछले 52 हफ्तों में कंपनी के शेयर का निचला स्तर 162.45 रुपये रहा है। (शेयर मंथन, 31 अक्टूबर 2019)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख