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सोयाबीन और सरसों में हो सकती है गिरावट - एसएमसी

सोयाबीन वायदा (अप्रैल) की कीमतों में नरमी के रुझान के साथ 3,670-3,650 रुपये तक गिरावट हो सकती है।
घरेलू और विदेशी बाजारों से कमजोर माँग के कारण हाजिर बाजारों में सोयाबीन की कीमतों में नरमी का रुझान है। अकोला बाजार में सोयाबीन की कीमतें 100 रुपये की गिरावट के साथ 3,200-3,500 रुपये प्रति 100 किलो ग्राम के दायरे में है। महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश में प्लांट डिलीवरी के लिए सोयाबीन की कीमतें 3,700-3,870 रुपये और 3,650-3,750 रुपये के दायरे में हैं। रिफाइंड सोया तेल वायदा (अप्रैल) की कीमतों में नरमी के रुझान के साथ 778-775 रुपये तक गिरावट होने की संभावना हैं। सीपीओ वायदा (मार्च) की कीमतों के 635-645 रुपये के दायरे में कारोबार करने की संभावना है। अधिक कीमतों पर कम माँग के कारण बेंचमार्क कांडला बंदरगाह पर आरबीडी पॉमोलीन की कीमतें 715 रुपये प्रति 10 किलो ग्राम पर स्थिर हैं। आरबीडी पॉमोलीन और सोया तेल की कीमतों का अंतर दिसंबर-जनवरी के 100 रुपये प्रति 10 किलो ग्राम से कम होकर 45 रुपये 10 किलो ग्राम रह गया है। इसलिए आरबीडी पॉमोलीन की माँग कम हो रही है। सरसों वायदा (अप्रैल) की कीमतों में 4,020-3,980 रुपये तक गिरावट होने की संभावना है। अधिक उत्पादन अनुमान के साथ ही बढ़ती आवक के कारण राजस्थान के प्रमुख बाजारों में सरसों की कीमतों में गिरावट हुई है। तेल उद्योग संस्था के अनुसार 2017-18 में भारत में कुल 70.5 लाख टन सरसों उत्पादन का अनुमान हैं। सर्वे के अनुसार 2017-18 में औसत उत्पादकता पिछले वर्ष के 1,025 किलो ग्राम प्रति है की तुलना में 1,100 किलो ग्राम प्रति रहने का अनुमान हैं। (शेयर मंथन, 20 मार्च 2018)

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