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बिहार के चुनावी नतीजों से बाजार ने लगाया गोता, फिर सँभला

रविवार को घोषित हुए बिहार विधानसभा के चुनावी नतीजों का असर आज सोमवार को सुबह बाजार खुलते ही नजर आया, जब बाजार एक झटके में गहरा गोता खा गया।

सुबह बाजार खुलते ही बीएसई का सेंसेक्स (Sensex) पिछले बंद स्तर 26,265 की तुलना में 25,657 के निचले स्तर तक लुढ़क गया, जहाँ यह 608 अंक का जबरदस्त नुकसान दर्शा रहा था। इसी तरह एनएसई का निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 7772 तक फिसल गया। हालाँकि गनीमत यह रही कि इसके बाद पूरे दिन भर बाजार लगातार सँभलता ही रहा। सुबह के शुरुआती मिनट में बने निचले स्तरों को बाजार ने दोबारा छूने की कोशिश नहीं की। अंत में बीएसई 144 अंक या 0.55% के नुकसान के साथ 26,121 पर बंद हुआ। निफ्टी 50 भी 39 अंक या 0.49% गिर कर 7915 पर रहा।
हालाँकि छोटे-मँझोले सूचकांकों में बीएसई मिडकैप 0.42% की बढ़त के साथ बंद हुआ। इसी तरह बीएसई मिडकैप भी 0.78% चढ़ कर बंद हुआ। एनएसई में भी छोटे-मँझोले सूचकांक हरे निशान में बंद हुए। निफ्टी मिडकैप 100 ने 0.60% की और निफ्टी स्मॉलकैप 100 ने 1.04% की बढ़त दर्ज की। गौरतलब है कि एनएनई ने अब अपने सभी सूचकांकों के नामों के आगे निफ्टी लगा लिया है। 50 शेयरों के जिस सूचकांक को पहले केवल निफ्टी नाम से जाना जाता था, उसे अब से निफ्टी 50 कहा जायेगा।
क्षेत्रीय सूचकांकों में बीएसई रियल्टी को 2.20%, हेल्थकेयर को 1.31% और पावर को 0.56% का नुकसान सहना पड़ा। दूसरी ओर कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सूचकांक में 2.24%, ऑटो में 1.25% और एफएमसीजी में 1.16% की मजबूती रही। सेंसेक्स के चुनिंदा दिग्गज शेयरों में सन फार्मा (-5.82%), बीएचईएल (-3.86%), डॉ. रेड्डीज (-3.44%), विप्रो (-1.99%), आईसीआईसीआई बैंक (-1.70%) और गेल (-1.65%) सबसे ज्यादा कमजोर रहे। दूसरी ओर टाटा मोटर्स में 3.89%, मारुति में 2.54%, आईटीसी में 1.59%, वेदांत में 1.52%, एसबीआई में 1.17% और टाटा स्टील में 0.93% की बढ़त दर्ज हुई। (शेयर मंथन, 09 नवंबर 2015)

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