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प्लांट लगाने के लिए एशियन पेंट्स का गुजरात सरकार के साथ करार

पेंट का उत्पादन करने वाली दिगग्ज कंपनी एशियन पेंट्स ने गुजरात सरकार के साथ समझौता पत्र यानी एमओयू (MoU) पर हस्ताक्षर किया है। कंपनी ने यह गुजरात सरकार के साथ यह समझौता दाहेज में पेंट मैन्युफैक्चरिंग इकाई लगाने के लिए किया है।

 कंपनी ने यह एमओयू हाल ही में गठित सब्सिडियरी एशियन पेंट्स (पॉलीमर्स) के जरिए किया है। कंपनी की सब्सिडियरी विनाइल एसीटेट इथाइलिन इमल्सन यानी वीएई (VAE) और विनाइल एसीटेट मोनोमर (VAM) यानी वीएएम के उत्पादन के लिए इकाई लगाएगी। एशियन पेंट्स समय समय पर इकाई से जुड़ी जानकारी एक्सचेंज को डिस्क्लोजर के तौर पर देते रहेगी। पिछले महीने कंपनी ने एशियन पेंट्स (पॉलीमर्स) का गठन सब्सिडियरी के तौर पर 100 करोड़ रुपये के शेयर कैपिटल के साथ किया था। पिछले साल कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने भारत में VAE और VAM के उत्पादन के लिए इकाई लगाने को मंजूरी दी थी।

कंपनी ने अक्टूबर में ऐलान किया था कि अगले 3 साल के दौरान कंपनी 2100 करोड़ रुपये का निवेश करेगी। इस इकाई की सालाना क्षमता 1 लाख टन VAM के उत्पादन की होगी, वहीं VAE की सालाना उत्पादन क्षमता 1.5 लाख टन की होगी। आपको बता दें कि VAE के उत्पादन के लिए VAM एक मुख्य सामान है। कंपनी ने 20 अक्टूबर 2022 को एक्सचेंज को जानकारी दी थी कि भविष्य में VAE को इमल्सन के तौर पर इस्तेमाल किया जाएगा। VAE में पेंट की बेहतर क्वालिटी आती है। साथ ही इसका प्रदर्शन ग्राहकों को भी अच्छा लगता है। मौजूदा समय में एशियन पेंट्स वीएई (VAE) और वीएएम को आंतरिक खपत के लिए विदेशों से आयात करता है। वीएएम के उत्पादन के लिए तकनीकी मदद के लिए कंपनी ने केबीआर (KBR) के साथ करार किया है। फिलहाल कंपनी का मार्केट कैप 2.71 लाख करोड़ रुपये का है। बीएसई पर कंपनी का शेयर 0.37% गिर कर 2,817 रुपये प्रति शेयरपर बंद हुआ।

 

(शेयर मंथन 21 फरवरी, 2023)

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