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कार्बन उत्सर्जन तकनीक के लिए टाटा स्टील ने एबीबी के साथ मिलाया हाथ

 

ऑटोमेशन कंपनी एबीबी इंडिया (ABB) ने टाटा स्टील के साथ करार किया है। इस करार के तहत दोनों कंपनियां मिलकर ऐसी तकनीक विकसित करेंगे जिससे स्टील के निर्माण में कार्बन उत्सर्जन की मात्रा कम की जा सके।

दोनों कंपनियों के बीच हुए समझौते पत्र के मुताबिक टाटा स्टील के मैन्युफैक्चरिंग इकाई की सिस्टम स्तर पर आंकलन किया जाएगा। इस आंकलन के तहत एनर्जी एफिशिएंसी और डिकार्बोनाइजेशन के लिए छोटी से लेकर लंबी अवधि के विकल्पों को तलाशा जाएगा। आपको बता दें कि स्टील उत्पादन करने वाली कंपनी टाटा स्टील ने मध्यम अवधि से लेकर छोटी अवधि में कार्बन उत्सर्जन में कमी लाने की दिशा में काम कर रही है।

कंपनी का भारतीय कारोबार में स्टील के प्रति टन उत्पादन में कार्बन डाइऑक्साइड का उत्पादन 2 टन से कम करने का लक्ष्य है। कंपनी ने यह लक्ष्य 2025 तक के लिए तय किया है। कंपनी की ओर से एक्सचेंज को दी गई जानकारी में कहा गया गया है कि कंपनी ने टाटा स्टील के साथ एक प्रोजेक्ट के लिए एक समझौता पत्र पर हस्ताक्षर किया है, जिसके तहत दोनों कंपनियां मिलकर इनोवेटिव मॉडल और तकनीक विकसित करेंगे जिसके जरिए स्टील के उत्पादन में कार्बन उत्सर्जन में कमी लाई जा सके। एबीबी और टाटा स्टील एनर्जी के बेहतर इस्तेमाल की संभावनाएं तलाशेंगे जिसमें हाइड्रोजन एक वैकल्पिक ईंधन के तौर पर शामिल होगा। इसके जरिए उत्पादन प्रक्रियाओं को बेहतर करने के साथ एनर्जी के इस्तेमाल में कमी लाना है। इसके लिए पूरी तरह से इंटीग्रेटेड इलेक्ट्रिफिकेशन और डिजिटल सिस्टम का भी इस्तेमाल किया जाएगा।

 (शेयर मंथन, 10 सितंबर 2023)

 

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