वैश्विक निवेशकों यानी एफआईआई (Foreign Institutional Investors) की लगातार बिकवाली के बावजूद भारतीय शेयर बाजार में मजबूती देखना एक महत्वपूर्ण संकेत है।
बाजार विश्लेषक शोमेश कुमार कहते है कि यह दिखाता है कि अब बाजार की दिशा केवल विदेशी निवेशकों पर निर्भर नहीं रही, बल्कि घरेलू निवेशकों, खासतौर पर रिटेल निवेशकों और म्यूचुअल फंड्स की भागीदारी तेजी से बढ़ी है। पहले के समय में बाजार पर एफआईआई का दबदबा लगभग 70% तक माना जाता था, क्योंकि देश की आर्थिक स्थिति और प्रति व्यक्ति आय (per capita GDP) कम थी, जिससे आम लोगों के पास निवेश के लिए पर्याप्त बचत नहीं होती थी।
लेकिन अब स्थिति बदल रही है। भारत की अर्थव्यवस्था के मजबूत होने और लोगों की आय बढ़ने के साथ-साथ उनकी बचत और निवेश करने की क्षमता भी बढ़ी है। पहले जहां आय का अधिकांश हिस्सा जरूरी खर्चों, जैसे भोजन, शिक्षा, स्वास्थ्य और घर में ही खर्च हो जाता था, वहीं अब लोगों के पास अतिरिक्त पैसा बच रहा है। यही पैसा अब शेयर बाजार, एसआईपी और म्यूचुअल फंड्स के जरिए निवेश में जा रहा है। इस बदलाव का असर यह है कि एफआईआई की बिकवाली के बावजूद बाजार को घरेलू निवेशकों का मजबूत सपोर्ट मिल रहा है, जो गिरावट को संभालने में सक्षम है।
आने वाले वर्षों में यह ट्रेंड और मजबूत होने की संभावना है। जैसे-जैसे भारत का प्रति व्यक्ति सकल घरेलू उत्पाद 5000 डॉलर या उससे अधिक की ओर बढ़ेगा, वैसे-वैसे निवेश की संस्कृति और गहरी होगी। इससे एफआईआई का कुल निवेश भले ही बढ़ता रहे, लेकिन बाजार में उनकी हिस्सेदारी (percentage contribution) धीरे-धीरे कम हो सकती है, जबकि घरेलू निवेशकों का प्रभाव बढ़ेगा। जहाँ तक बाजार के बॉटम या आगे की दिशा का सवाल है, उसे सटीक रूप से बताना संभव नहीं है। हालांकि, मौजूदा स्तरों पर वैल्यूएशन अपेक्षाकृत संतुलित माने जा सकते हैं, जिससे लंबी अवधि के निवेशकों को घबराने की जरूरत नहीं है। फिर भी, वैश्विक घटनाएं, जैसे युद्ध, तेल की कीमतों में तेज उछाल या किसी बड़ी आर्थिक बाधा बाजार को प्रभावित कर सकती हैं, जिन्हें पहले से आंकना कठिन है।
भारतीय बाजार अब एक नए दौर में प्रवेश कर रहा है, जहाँ घरेलू निवेशकों की ताकत लगातार बढ़ रही है। ऐसे में निवेशकों को अल्पकालिक उतार-चढ़ाव से घबराने के बजाय लंबी अवधि के नजरिए के साथ संतुलित और धैर्यपूर्ण रणनीति अपनानी चाहिए।
(शेयर मंथन, 27 मार्च 2026) (आप किसी भी शेयर, म्यूचुअल फंड, कमोडिटी आदि के बारे में जानकारों की सलाह पाना चाहते हैं, तो सवाल भेजने का तरीका बहुत आसान है! बस, हमारे व्हाट्सऐप्प नंबर +911147529834 पर अपने नाम और शहर के नाम के साथ अपना सवाल भेज दें।)