शेयर मंथन में खोजें

सेबी (SEBI) ने मारा 34 शेयर विश्लेषकों पर छापा

बाजार नियामक सेबी (SEBI) ने व्हाट्सऐप्प लीक मामले में 34 शेयर विश्लेषकों औऱ कारोबारियों पर सख्त कार्रवाई की है।

सेबी ने शुक्रवार को शेयर ब्रोकिंग फर्मों में विश्लेषकों और व्यापारियों पर छापा मार कर उनके लैपटॉप और मोबाइल जब्त किये। खबर है कि पिछली तिमाही में कुछ कंपनियों के वित्तीय नतीजे उनके द्वारा घोषित करने से पहले ही व्हाट्सऐप्प के जरिये लीक करने के मामले में सेबी ने यह कदम उठाया है। सेबी ने अपनी जाँच में पाया था की करीब 1 दर्जन कंपनियों के वित्तीय नतीजे समयापूर्व ही लीक किये गये थे। बाजार नियामक और पुलिस के करीब 100 अधिकारियों ने दिल्ली, मुम्बई औऱ बेंगलुरु में ये छापेमारी की है।
गौरतलब है कि सेबी ने अपनी ताकत का इस्तेमाल करते हुए दूसरी बार छापेमारी की है। इससे पहले 2015 में सेबी ने ऐसी ही कार्रवाई डब्बा या बकेट ट्रेडरों के खिलाफ की थी। दरअसल व्हाट्सऐप्प मैसेजों के एन्क्रिप्टेड होने के कारण सेबी की इन पर कोई निगरानी नहीं है। इसलिए सेबी के पास जानकारी के मुताबिक चुनिंदा लोगों के फोन जाँचने का ही विकल्प था।
पिछले महीने सेबी ने डॉ रेड्डीज, सिप्ला, ऐक्सिस बैंक, एचडीएफसी बैंक, टाटा स्टील, विप्रो, महिंद्रा हॉलिडेज, क्रॉम्पटन ग्रीव्स, माइंडट्री, मास्टेक, इंडिया ग्लाइकॉल्स और बजाज फइनेंस के खिलाफ जाँच की थी। खबरों के अनुसार व्हाट्सऐप्प लीक मामले में सेबी ने इन्हीं कंपनियों में से भी कुछ के अधिकारियों से पूछताछ की है। (शेयर मंथन, 23 दिसंबर 2017)

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख