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क्या 440 रुपये तक गिर सकता है डीएलएफ, क्या निवेशकों को रहना चाहिए सतर्क?

सुनील बंसल जानना चाहते हैं कि उन्हें डीएलएफ (DLF) के शेयर में आगे क्या करना चाहिए? आइए, बाजार विश्लेषक शोमेश कुमार से जानते हैं कि शेयरों में आगे क्या होने की संभावना है?

बाजार विश्लेषक शोमेश कुमार इस सवाल के जवाब में कहते हैं कि मौजूदा टेक्निकल संकेत बताते हैं कि स्टॉक अभी स्पष्ट रूप से बॉटम बनाता हुआ नहीं दिख रहा है। जब तक व्यापक बाजार, खासकर NIFTY 50 में स्थिरता और बॉटमिंग के संकेत नहीं मिलते, तब तक किसी एक स्टॉक के बॉटम की पुष्टि करना जल्दबाजी हो सकती है। डीएलएफ के मंथली चार्ट पर नजर डालें तो इसमें “लोअर हाई” और “लोअर लो” का पैटर्न साफ दिखाई दे रहा है, जो कमजोरी का संकेत है। ऐसे स्ट्रक्चर में अक्सर तेज उछाल (बाउंस) आते हैं, जिससे निवेशकों को लगता है कि ट्रेंड बदल गया है, लेकिन असल में वह केवल एक अस्थायी रिकवरी हो सकती है। यही कारण है कि इस स्टॉक में बिना स्पष्ट अपट्रेंड के एंट्री लेना जोखिम भरा माना जा रहा है।

फिबोनाची रिट्रेसमेंट के हिसाब से भी महत्वपूर्ण स्तर नीचे की ओर दिख रहे हैं, जहां 550 के आसपास का स्तर पहले अहम था और उससे नीचे गिरावट जारी रहने पर 440 तक के स्तर भी संभव हो सकते हैं। ऐसे में फिलहाल किसी भी तरह का आक्रामक निवेश या एवरेजिंग करने से बचना समझदारी होगी। हालांकि, अगर स्टॉक 580 के ऊपर मजबूत क्लोजिंग देता है, तो यह एक पॉजिटिव संकेत हो सकता है। उस स्थिति में 500 के आसपास स्टॉप लॉस रखते हुए लॉन्ग पोजीशन पर विचार किया जा सकता है। लेकिन तब तक सतर्क रहना जरूरी है।

रियल एस्टेट सेक्टर और डीएलएफ जैसे बड़े मार्केट कैप वाले स्टॉक्स का मूवमेंट काफी हद तक बाजार और आर्थिक परिस्थितियों से जुड़ा होता है। यदि आर्थिक दबाव या बाजार में कमजोरी बनी रहती है, तो इस सेक्टर पर सबसे पहले असर देखने को मिल सकता है। इसलिए निवेशकों को फिलहाल धैर्य रखते हुए बाजार के ट्रेंड स्पष्ट होने का इंतजार करना चाहिए, बजाय इसके कि जल्दबाजी में कोई बड़ा फैसला लिया जाए।

 



(शेयर मंथन, 24 अप्रैल 2026) (आप किसी भी शेयर, म्यूचुअल फंड, कमोडिटी आदि के बारे में जानकारों की सलाह पाना चाहते हैं, तो सवाल भेजने का तरीका बहुत आसान है! बस, हमारे व्हाट्सऐप्प नंबर +911147529834 पर अपने नाम और शहर के नाम के साथ अपना सवाल भेज दें।)

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