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हाजिर बाजारों के बेहतर रुझानों से मिल सकती है हल्दी को मदद - एसएमसी

हल्दी वायदा (दिसंबर) की कीमतों को 6,800 रुपये के स्तर पर सपोर्ट मिलने की संभावना है। हाजिर बाजारों से बेहतर रुझानों से कीमतों को मदद मिल सकती है।

कारोबारियों को स्थानीय मसाला कंपनियों को थोड़े ऑर्डर मिले हैं। इसलिए कारोबारियों ने कुल आवक के 70% स्टॉक की खरीदारी की हैं। इरोद टर्मरिक मर्चेट एसोसिएशन सेल्स यार्ड में फिंगर की वेरायटी कीमतें 5,500-8,509 रुपये प्रति क्विंटल हैं और रूट वेरायटी की कीमतें 5,200-7,480 रुपये प्रति क्विंटल के दायरे में हैं। रेगुलेटेड मार्केट कमिटी में फिंगर वेरायटी की कीमतें 7,041-8,214 रुपये प्रति क्विंटल है। और रूट वेरायटी की कीमतें 6,759-6,774 रुपये प्रति क्विंटल के दायरे में है। जीरा वायदा (दिसंबर) की कीमतों में तेजी के रुझान के साथ 19,500-19,850 रुपये के दायरे में कारोबार करने की संभावना है। घरेलू खरीदारी के कारण गुजरात के बेंचमार्क बाजार ऊझा और राजकोट में जीरे की कीमतों में तेजी की रुझान है। धनिया वायदा (दिसंबर) कीमतों 4,950-5,150 रुपये के दायरे में कारोबार करने की संभावना है। राजस्थान, मध्य प्रदेश और गुजरात के प्रमुख बाजारों में सीमित कारोबारी के कारण हाजिर कीमतों में स्थिरता है। राजस्थान,मध्य प्रदेश और गुजरात के प्रमुख उत्पादन क्षेत्रों में धनिया की बुआई शुरु होने के कारण आवक कम हो गयी है। लेकिन घरेलू बाजारों में पर्याप्त स्टॉक के कारण धनिया की कीमतों में बहुत अधिक बढ़ोतरी होने की संभावना नही है। (शेयर मंथन, 17 नवंबर 2017)

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