शेयर मंथन में खोजें

क्या इन भावों पर टाटा मोटर्स (Tata Motors) के शेयर खरीदने चाहिए? : सिद्धार्थ खेमका की सलाह

विकास उनियाल, उत्तर प्रदेश : क्या इन भावों पर टाटा मोटर्स (Tata Motors) के शेयर खरीदने चाहिए?

सिद्धार्थ खेमका, रिसर्च प्रमुख, मोतीलाल ओसवाल सिक्योरिटीज : टाटा मोटर्स के शेयरों को इन स्तरों पर एकत्र (एकम्युलेट) किया जा सकता है, क्योंकि इसके भाव घट गये हैं। यह अपने 52 सप्ताह के ऊपरी स्तर से 19% नीचे आ गया है। हम इस कंपनी के प्रति सकारात्मक विचार रख रहे हैं, क्योंकि इसने क्रमिक रूप से सुधार दिखाया है। इसके आपूर्ति संबंधी मुद्दे सुलट रहे हैं और कमोडिटी भावों में स्थिरता आने लगी है। इसे आने वाले समय में जिन बातों का लाभ मिलेगा, उनमें अर्थव्यवस्था में सुधार, कंपनी की बिक्री की मात्रा (वॉल्यूम) और मार्जिन में सुधार और जेएलआर के साथ-साथ भारतीय व्यवसाय के एफसीएफ एवं लेवरेज में तेज सुधार शामिल हैं।
इसके अलावा, टाटा मोटर्स को बिजली वाहनों (ईवी) की लोकप्रियता बढ़ने का लाभ मिल रहा है। नये उभरते ई-पीवी बाजार में इसकी बाजार हिस्सेदारी 80% से अधिक है। अगले दो-तीन वर्षों में यह कई बिजली वाहन बाजार में लाकर इस श्रेणी में अपनी स्थिति और मजबूत करने की तैयारी में है। हाल में इसने टीपीजी समूह से पूँजी भी प्राप्त की है, जिससे यह अपनी योजनाओं पर आगे बढ़ने के लिए निवेश का दम-खम रखती है।
अस्वीकरण (Disclaimer): इस शेयर में मेरा व्यक्तिगत निवेश नहीं है। हमने इस शेयर के बारे में अपने ग्राहकों को सलाह दी है।

(शेयर मंथन, 30 अप्रैल 2022)

(आप भी किसी शेयर, म्यूचुअल फंड, कमोडिटी आदि के बारे में जानकारों की सलाह पाना चाहते हैं, तो सवाल भेजने का तरीका बहुत आसान है! बस, हमारे व्हाट्सऐप्प नंबर +911147529834 पर अपने नाम और शहर के नाम के साथ अपना सवाल भेज दें।)

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख