शेयर मंथन में खोजें

भारतीय बाजार में बढ़ रहा विदेशी निवेशकों का रुझान, आगे और तेजी की उम्‍मीद : श्रीकांत चौहान, कोटक सिक्योरिटीज

कोटक सिक्योरिटीज (Kotak Securities) में इक्विटी रिसर्च के प्रमुख श्रीकांत चौहान के मुताबिक मंगलवार (18 जून) को बेंचमार्क सूचकांक 23579.05/77366.77 के नये शिखर पर पहुँच गये। इस निर्णायक अपट्रेंड रैली के बाद निफ्टी 92 अंक जोड़कर और सेंसेक्‍स 308 अंकों की बढ़त के साथ बंद हुए। 

क्षेत्रों में, रियल्‍टी और निजी बैंक सूचकांक का प्रदर्शन अच्‍छा रहा और दोनों इंडेक्‍स में 1% से ज्‍यादा की तेजी आयी। तकनीकी तौर से गैप-अप शुरुआत के बाद बाजार में पूरे सत्र के दौरान सकारात्‍मक तेजी बनी रही। दैनिक आधार पर और एकदिनी चार्ट पर इसमें हायर हाई और हायर लो की संरचना बनी हुई है, जो मौजूदा स्‍तर से आगे अपट्रेंड का समर्थन करती है। ट्रेंड देखने वाले कारोबारियों के लिए 23500/77000 के स्‍तर प्रमुख समर्थन स्‍तर होंगे।

बाजार जब तक इस स्‍तरों के ऊपर कारोबार करेंगे, तेजी का रुझान जारी रहेगा। ऊपर की तरफ, बाजार 23600-23750/77300-77800 के स्‍तरों की तरफ बढ़ सकते हैं। दूसरी तरफ, 23500/77000 के नीचे बाजार का रुझान बदल सकता है और सूचकांक 23300 या 23200 के स्‍तर तक फिसल सकते हैं। 

भारतीय बाजार में विदेशी निवेशकों द्वारा पूँजी लाने की शुरुआत के साथ ही बैंक निफ्टी व्‍यापक बाजार का समर्थन कर रहा है। तात्‍कालिक आधार पर 50800 और 51000 के स्‍तरों पर प्रमुख अड़चन आयेगी। इसमें 50200 और 50000 के स्‍तरों पर समर्थन आयेगा। 

(शेयर मंथन, 19 जून 2024)   

(आप भी किसी शेयर, म्यूचुअल फंड, कमोडिटी आदि के बारे में जानकारों की सलाह पाना चाहते हैं, तो सवाल भेजने का तरीका बहुत आसान है! बस, हमारे व्हाट्सऐप्प नंबर +911147529834 पर अपने नाम और शहर के नाम के साथ अपना सवाल भेज दें।)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख