शेयर मंथन में खोजें

स्टर्लिंग बायोटेक में 50% हिस्सा खरीदेगी जायडस लाइफसाइंसेज

दवा कंपनी जायडस लाइफसाइंसेज स्टर्लिंग बायोटेक में हिस्सा खरीदेगी। कंपनी परफेक्ट डे से स्टर्लिंग बायोटेक में 50% हिस्सा खरीदेगी। 23 अगस्त को एक्सचेंज को दी गई जानकारी के मुताबिक जायडस लाइफसाइंसेज की सब्सिडियरी ने स्टर्लिंग बायोटेक लिमिटेड (SBL) में 50% हिस्सा खरीदेगी।

 यह हिस्सेदारी टेमासेक पोर्टफोलियो कंपनी (Temasek portfolio company) की कंपनी परफेक्ट डे इंक से खरीदेगी। इसके तहत एक संयुक्त उपक्रम का गठन किया जाएगा जिसमें दोनों कंपनियों की 50-50% हिस्सेदारी होगी। इस जेवी के तहत एक मैन्युफैक्चरिंग इकाई लगाई जाएगी। इस इकाई में फर्मेंटेड एनिमल फ्री प्रोटीन का उत्पादन किया जाएगा। इस नई कंपनी के जरिए वैश्विक बाजारों में इसकी आपूर्ति की जाएगी। कंपनी के मुताबिक यह जेवी दोनों कंपनियों के लिए फायदे का सौदा है। दोनों कंपनियां अपने मजबूत पक्ष और विशेषज्ञता का इस्तेमाल कर ग्राहकों के लिए वैल्यू का निर्माण करेंगे। इस जेवी के बैनर तले ऊच्च स्तरीय और पर्यावरण अनुकूल प्रोटीन उत्पादों की मैन्युफैक्चरिंग की जाएगी। इससे वातावरण पर होने वाले असर को कम करने में मदद मिलेगी। इसके साथ ही जायडस की स्वास्थ्य और पोषण के लिए स्पेश्यलाइज्ड बायोटेक प्रोडक्ट्स के बाजार में एंट्री होगी। खासकर वैसे उपभोक्ताओं के लिए जो एनिमल मुक्त प्रोटीन को पसंद करते हैं। आपको बता दें कि स्टर्लिंग बायोटेक फर्मेंटेशन आधारित API उत्पाद और जिलेटिन की बिक्री करती है। कंपनी का शेयर 5.96% गिर कर 1,108.45 रुपये प्रति शेयर पर बंद हुआ।

(शेयर मंथन, 26 अगस्त 2024)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख