शेयर मंथन में खोजें

News

सन फार्मा की सब्सिडियरी का दवा के लिए लाइसेंसिंग करार

फार्मा की दिग्गज कंपनी सन फार्मास्यूटिकल्स की सब्सिडियरी ने दवा के लिए लाइसेंसिंग करार किया है। सन फार्मास्यूटिकल्स इंडस्ट्रीज इंक कंपनी की सब्सिडियरी है।

अदाणी ग्रीन एनर्जी ने प्रोजेक्ट फाइनेंस के लिए कर्ज जुटाया

अदाणी ग्रीन एनर्जी ने कर्ज को लेकर एक मंगलवार यानी 5 दिसंबर को बड़ा ऐलान किया है। कंपनी ने 136 करोड़ डॉलर का कर्ज सीनियर डेट फैसिलिटी के तहत हासिल करने में सफलता पाई है।

अंबुजा सीमेंट ने सांघी इंडस्ट्रीज के कारोबार का अधिग्रहण किया

अदानी ग्रुप की कंपनी अंबुजा सीमेंट ने सांघी इंडस्ट्रीज के 14 करोड़ शेयरों का अधिग्रहण किया है जो करीब 54.51% हिस्से के करीब है। यह अधिग्रहण 121.90 रुपये के भाव पर की गई है।

कल्पतरु प्रोजेक्ट्स को 2263 करोड़ रुपये के नये ऑर्डर मिले

कल्पतरु प्रोजेक्ट्स इन्टरनेशनल लिमिटेड (KPIL) को सोमवार (4 दिसंबर) को 2263 करोड़ रुपये का ऑर्डर मिला है। कंपनी को यह ऑर्डर भारत के अलावा अंतरराष्ट्रीय बाजार के लिए भी मिला है।

बीकानेर ट्रांसमिशन रिन्युएबल एनर्जी प्रोजेक्ट का टाटा पावर ने किया अधिग्रहण

टाटा पावर ने बीकानेर ट्रांसमिशन रिन्युएबल एनर्जी प्रोजेक्ट का अधिग्रहण किया है। कंपनी ने इस प्रोजेक्ट को पीएफसी (PFC)  यानी पावर फाइनेंस कॉरपोरेशन से अधिग्रहण किया है।

जेएसडब्लू (JSW) ग्रुप का एसएआईसी के साथ करार का ऐलान

जेएसडब्लू (JSW) ग्रुप ने गुरुवार को एक नई साझेदारी का ऐलान किया है। ग्रुप ने एसएआईसी (SAIC) मोटर कॉरपोरेशन के साथ ज्वाइंट वेंचर यानी (JV) संयुक्त उपक्रम के गठन का ऐलान किया है। जेएसडब्लू ग्रुप इस संयुक्त उपक्रम में 35 फीसदी हिस्सा खरीदेगी।

More Articles ...

Page 165 of 4257

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख