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धोखाधड़ी के आरोप में छह संस्थाओं पर सेबी ने लगाया 62 लाख रुपये का जुर्माना

पूँजी बाजार नियामक भारतीय प्रतिभूति विनिमय बोर्ड (SEBI) ने नॉर्थ ईस्टर्न कैरीइंग कॉरपोरेशन लिमिटेड (NECC) के शेयरों में धोखाधड़ी वाले व्यापार में लिप्त होने के लिए मंगलवार (21 फरवरी) को छह इकाइयों पर कुल 62 लाख रुपये का जुर्माना लगाया।

एनईसीसी के शेयरों में दिसंबर 2016 से अप्रैल 2017 की अवधि के लिए सेबी द्वारा जांच किए जाने के बाद यह आदेश आया है। नियामक ने रियलस्टेप एजेंसियों पर 15 लाख रुपये, उत्कर्ष जैन, वान्या जैन (एनईसीसी के प्रवर्तक), सायराबानू मोहम्मद रफीक फनासवाला और मालतीबेन अशोकभाई दर्जी पर 10-10 लाख रुपये और चारमसुख आईटी मार्केटिंग पर सात लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। इनके खिलाफ आरोप लगाया गया था कि उत्कर्ष, वान्या, रियलस्टेप, फनासवाला, दर्जी और चारमसुख आईटी मार्केटिंग ने धोखाधड़ी और अनुचित व्यापार प्रथाओं का निषेध (PFUTP) मानदंडों के प्रावधानों का उल्लंघन किया था।

एक अलग आदेश में नियामक ने आरबी ट्रेडर्स और उसके मालिक राज बहादुर बोडोरिया को अनधिकृत निवेश सलाहकार सेवाओं में शामिल होने के लिए प्रतिभूति बाजार से छह महीने की अवधि के लिए प्रतिबंधित कर दिया और उन पर आठ लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया। साथ ही, उन्हें ऐसी सेवाओं के संबंध में निवेशकों से एकत्र किए गए धन को वापस करने के लिए कहा गया है। नियामक के अनुसार, वे सेबी से पंजीकरण प्राप्त किए बिना निवेश सलाहकारों की गतिविधियों में शामिल थे, जो आईए नियमों का उल्लंघन है।

(शेयर मंथन, 22 फरवरी 2023)

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