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दिसंबर में 7.3% बढ़ा जीएसटी संग्रह, सरकार के खजाने में आये 1.77 लाख करोड़ रुपये

सरकार के खजाने में दिसंबर महीने में जीएसटी के रूप में 1.77 लाख करोड़ रुपये आये हैं। यह पिछले साल के मुकाबले 7.3% ज्यादा है। हालाँकि, पिछले महीने की तुलना में जीएसटी संग्रह में 3% की कमी आई है। नवंबर में जीएसटी संग्रह 1.82 लाख करोड़ रुपये रहा था।

एक जनवरी को जारी आँकड़ों के मुताबिक, केंद्रीय जीएसटी 32,836 करोड़ रुपये, राज्य जीएसटी 40,499 करोड़ रुपये, रजिस्टर्ड आईजीएसटी 47,783 करोड़ रुपये और सेस 11,471 करोड़ रुपये रहा है।

साल 2024 के दिसंबर महीने में भारत सरकार को सकल वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) के रूप में 1.77 लाख करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ है, जो पिछले वर्ष की इसी अवधि की तुलना में 7.3% अधिक है। एक साल पहले इसी महीने में यह राजस्व 1.65 लाख करोड़ रुपये रहा था। वहीं घरेलू लेनदेन से प्राप्त जीएसटी में 8.4% का इजाफा हुआ है और यह 1.32 लाख करोड़ रुपये हो गया है। इसके अतिरिक्त, आयात पर लगाए गए जीएसटी से 44,268 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ है।

दिसंबर महीने में 22,490 करोड़ रुपये के रिफंड जारी किये गये। यह आँकड़ा पिछले की इसी अवधि की तुलना में 31% अधिक है। रिफंड के बाद भी दिसंबर महीने में जीएसटी संग्रह में 3.3% की वृद्धि हुई है और यह 1.54 लाख करोड़ रुपये रहा है। इस साल अप्रैल महीने में जीएसटी संग्रह सबसे अधिक रहा था, जब सरकार को 2.10 लाख करोड़ रुपये मिले थे।

2017 में लागू हुआ था जीएसटी

अक्टूबर, 2024 में सरकार का कुल जीएसटी संग्रह 1.87 लाख करोड़ रुपये रहा था, जो 9% की सालाना वृद्धि के साथ दूसरा सबसे अच्छा जीएसटी संग्रह था। वहीं सितंबर 2024 में महीने में जीएसटी संग्रह का आँकड़ा 1.73 लाख करोड़ रुपये रहा था। बता दें कि पुरानी कर व्‍यवस्‍था के बदले देश में पहली बार 2017 में जीएसटी लागू किया गया था, जिसे आजादी के बाद से सबसे बड़ा टैक्स सुधार माना जाता है। 

(शेयर मंथन, 02 जनवरी 2025)

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