जुलाई निफ्टी (Nifty) निपटेगा 7600 के आसपास : विवेक नेगी (Vivek Negi)
भारतीय शेयर बाजार अभी सीमित दायरे में नजर आ रहा है और आज निफ्टी (Nifty) को 7,810 के स्तर पर कड़ी बाधा का सामना करना पड़ेगा।
भारतीय शेयर बाजार अभी सीमित दायरे में नजर आ रहा है और आज निफ्टी (Nifty) को 7,810 के स्तर पर कड़ी बाधा का सामना करना पड़ेगा।
रेलिगेयर कमोडिटीज (Religare Commodities) ने आज सोना (Gold) में खरीदारी की सलाह दी है।
रेलिगेयर कमोडिटीज (Religare Commodities) का अनुमान है कि आज सोयाबीन (Soybean) में कमजोरी के बाद मजबूती के संकेत हैं।
आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज ने आज के एकदिनी कारोबार में एचसीएल टेक्नोलॉजीज (HCL Technologies), हिंदुस्तान जिंक (Hindustan Zinc) और डॉ रेड्डीज लेबोरेटरीज (Dr Reddy's Laboratories) में खरीदारी की सलाह दी गयी है।
भारतीय शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांकों में आज सुबह बढ़त का रुख है।
तकनीकी विश्लेषक मानस जायसवाल (Manas Jaiswal) ने बुधवार को टाटा मोटर्स (Tata Motors) और जेएसडब्लू एनर्जी (JSW Energy) में खरीदारी की सलाह दी है।
ब्रोकिंग फर्म आनंद राठी सिक्योरिटीज (Anand Rathi Securities) ने आज बुधवार को छोटी अवधि के लिए हिंडाल्को इंडस्ट्रीज (Hindalco Industries) और एचडीएफसी (HDFC) में खरीदारी की सलाह दी है।
ईस्टर्न फाइनेंशियर्स (Eastern Financiers) ने आज बुधवार को जेबी केमिकल्स (JB Chemicals), बॉम्बे डाइंग (Bombay Dyeing) और वोकहार्ट (Wockhardt) में खरीदारी की सलाह दी है।
एशियाई शेयर बाजारों में आज सुबह बढ़त का रुख है। वहीं सिंगापुर निफ्टी (SGX Nifty) ने 7800 के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर लिया है।
तकनीकी विश्लेषक सिमी भौमिक (Simi Bhaumik) ने आज बुधवार को एनटीपीसी (NTPC) और अल्ट्राटेक सीमेंट (Ultratech Cement) में खरीदारी की सलाह दी है।
मंगलवार को अमेरिकी शेयर बाजार में मजबूती रही। घरों की बिक्री के मजबूत आँकड़ों से बाजार को बल मिला।
मजबूत अंतरराष्ट्रीय संकेतों के बीच भारतीय शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांक आज तेजी के साथ बंद हुए।
कारोबारी साल 2014-15 की पहली तिमाही में एशियन पेंट्स (Asian Paints) का कंसोलिडेटेड मुनाफा 23% बढ़ा है।
अप्रैल-जून 2014 तिमाही में हिताची होम (Hitachi Home) का मुनाफा 207% बढ़ा है।
कारोबारी साल 2014-15 की पहली तिमाही में थर्मेक्स (Thermax) का मुनाफा घट कर 41 करोड़ रुपये हो गया है।
राजीव रंजन झा : ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका - इन पाँचों देशों के अंग्रेजी प्रथमाक्षरों को मिला कर बना एक शब्द ब्रिक्स इन दिनों सुर्खियों में है। भारत में एक बड़ी संख्या ऐसे लोगों की होगी, जिन्होंने हाल में ही यह शब्द पहली बार सुना होगा, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ब्राजील यात्रा की खबरें सामने आयीं।