शेयर मंथन में खोजें

लार्सन ऐंड टुब्रो (Larsen & Toubro) की सहायक कंपनी को मिले 3,800 करोड़ रुपये के ठेके

लार्सन ऐंड टुब्रो (Larsen & Toubro) की सहायक कंपनी एलऐंडटी हाइड्रोकार्बन इंजीनियरिंग (L&T Hydrocarbon Engineering) ने यूके की टेकनिपएफएमसी (TechnipFMC) के साथ मिल कर 3,800 करोड़ रुपये के दो ठेके प्राप्त किये हैं।

इन्हें ये ठेके सरकारी कंपनियों के साझे उद्यम से मिले हैं, जिनमें इंडियन ऑयल, एनटीपीसी, कोल इंडिया और हिमाचल फ्यूरिस्टिक शामिल हैं। प्राप्त कार्य के तहत एलऐंडटी हाइड्रोकार्बन इंजीनियरिंग और टेकनिपएफएमसी को बरौनी (बिहार) और सिंदरी (झारखंड) में 2,200 टीपीडी अमोनिया और 3,850 टीपीडी यूरिया के दो फर्टिलाइजर संयंत्र स्थापित करने हैं।
उधर बीएसई में आज लार्सन ऐंड टुब्रो का शेयर 1,316.05 रुपये के पिछले बंद स्तर की तुलना में 1,316.00 रुपये पर खुला। सुबह करीब 9.50 बजे 1,337.15 रुपये का ऊपरी स्तर छूने के बाद कंपनी के शेयर में अंत तक गिरावट जारी रही। आखिर में लार्सन ऐंड टुब्रो का शेयर 2.05 रुपये या 0.16% की हल्की कमजोरी के साथ 1,314.00 रुपये पर बंद हुआ। (शेयर मंथन, 21 मई 2018)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख