भारत-यूएई के कारोबार में डॉलर से निर्भरता खत्म, आयात-निर्यात को मिलेगा बढ़ावा

भारत और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) ने आपस में मुद्रा अदला-बदली की व्यवस्था समेत दो समझौतों पर सहमति जताई है।

इस व्यवस्था के बाद दोनों देशों के बीच व्यापार में वैश्विक करेंसी डॉलर या किसी दूसरी करेंसी पर निर्भरता समाप्त हो गयी है। अब भारतीय रुपया और यूएई के दिरहम के बीच सीधा विनिमय हो पायेगा। इससे भारत में निवेश सहित आयात-निर्यात को बढ़ावा मिलेगा।
अंग्रेजी अखबार गल्फ न्यूज में 14 फरवरी 2018 को छपी खबर के मुताबिक यूएई में भारत के राजदूत नवदीप सूरी ने कहा था कि मुद्रा की अदला-बदली प्रक्रिया को पूरा कर लिया गया है। इसी महीने प्रधानमंत्री ने यूएई की यात्रा की थी, लेकिन उस समय यह डील पूरी नहीं हो पायी थी।
फिलहाल एक यूएई दिरहम 19.23 भारतीय रुपए के बराबर है। डॉलर की अपेक्षा रुपये के भाव लगातार घटने की वजह से पेट्रोलियम सहित अन्य आयात लगातार महँगे होते जा रहे हैं। ताजा अपडेट के मुताबिक एक डॉलर 70 रुपये के पार पहुँच चुका है। (शेयर मंथन, 05 दिसंबर 2018)

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