कॉटन में हो सकती है गिरावट, चना में तेजी का रुझान - एसएमसी साप्ताहिक रिपोर्ट
कमोडिटीज बाजार में तेज गिरावट के बावजूद एमसीएक्स में कॉटन वायदा (अक्टूबर) की कीमतों में तेजी का रुझान बना हुआ है।
कमोडिटीज बाजार में तेज गिरावट के बावजूद एमसीएक्स में कॉटन वायदा (अक्टूबर) की कीमतों में तेजी का रुझान बना हुआ है।
हल्दी वायदा (अक्टूबर) की कीमतें 5,830 रुपये के पास रुकावट का सामना कर रही है और 5,600-5,500 रुपये के स्तर तक गिरावट होने की संभावना है।
सोयाबीन वायदा (अक्टूबर) की कीमतों में 4,080 रुपये के पास अड़चन के साथ 3,750-3,700 रुपये तक गिरावट जारी रहने की संभावना है।
बेस मेटल की कीमतों के नरमी के रुझान के साथ एक दायरे में कारोबार करने की संभावना हैं क्योंकि कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण से लॉकडाउन की आशंका बढ़ने से आर्थिक सुधार में देरी की आशंका, मजबूत डॉलर इंडेक्स, अमेरिकी श्रम बाजार की धीमी रिकवरी के कारण कीमतों पर दबाव रह सकता है।
कच्चे तेल की कीमतों में नरमी रहने की संभावना है क्योंकि कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण, नये सिरे से लॉकडाउन से आर्थिक सुधार को धीमा होने की आशंका और अमेरिकी स्टीमुलस वार्ता के बाधित होने से ईंधन की माँग में बढ़ोतरी पर रोक लग सकती है।
कमोडिटीज बाजार में तेज गिरावट के बावजूद एमसीएक्स में कॉटन वायदा (अक्टूबर) की कीमतों में तेजी का रुझान बना हुआ है।
सोयाबीन वायदा (अक्टूबर) की कीमतों के 3,900-3,950 रुपये के दायरे में सीमित कारोबार करने की संभावना है।
हल्दी वायदा (अक्टूबर) की कीमतें 5,785 रुपये के पास बाधा का सामना कर रही है और 5,700-5,650 रुपये के स्तर तक गिरावट होने की संभावना है।
भारत का विदेशी मुद्रा भंडार (Foreign Exchange Reserves) सर्वकालिक उच्चतम स्तर पर पहुँच गया है।
शुक्रवार को लगातार दूसरे दिन अमेरिकी शेयर बाजार के दिग्गज सूचकांकों में बढ़त दर्ज की गयी।
भारतीय शेयर बाजार के दिग्गज सूचकांकों में छह दिनों से चली आ रही कमजोरी का सिलसिला आखिरकार आज थम गया।
कॉटन वायदा (अक्टूबर) कीमतें 17,900-18,100 रुपये के दायरे में सीमित कारोबार कर सकती है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार से नरमी के संकेतों पर सोयाबीन वायदा (अक्टूबर) की कीमतें 3,880 रुपये तक गिरावट दर्ज कर सकती है।
हल्दी वायदा (अक्टूबर) की कीमतों में 5,650-5,600 रुपये तक गिरावट जारी रहने की संभावना हैं।
कच्चे तेल की कीमतों में नरमी का रुझान रहने की संभावना हैं और कीमतों को 3,020 रुपये के स्तर पर अड़चन के साथ 2,860 रुपये के स्तर पर सहारा रह सकता है।