शेयर मंथन में खोजें

आईसीआईसीआई बैंक (ICICI Bank) ने महाराष्ट्र में किया विस्तार, खोली 35 शाखाएँ

आईसीआईसीआई बैंक (ICICI Bank) ने चालू वित्त वर्ष में अब तक महाराष्ट्र में 35 नयी शाखाओं के शुभारंभ के साथ राज्य में अपने खुदरा नेटवर्क का विस्तार किया है।

यह बैंक के देश भर में शाखा विस्तार कार्यक्रम का हिस्सा है। आईसीआईसीआई बैंक ने वित्त वर्ष 2019-20 में पूरे देश में 450 नयी शाखाएँ खोलने का लक्ष्य रखा था, जिसमें से 385 से अधिक शुरू की जा चुकी हैं।
महाराष्ट्र में शुरू की गयी 35 शाखाओं में से 9 उन गाँवों में हैं, जहाँ अब तक बैंकिंग सुविधाएँ नहीं पहुँची थीं। इन गाँवों में कोल्पा, कुम्भारी, चतोरी और सखरोली शामिल हैं। इसके साथ ही बैंक की महाराष्ट्र में 757 शाखाएँ और 3,007 एटीएम हो गये हैं।
आईसीआईसीआई बैंक का देश भर में 5,260 से अधिक शाखाओं का एक विस्तृत नेटवर्क है। बैंक की शाखाएँ जम्मू-कश्मीर के लेह से लेकर तमिलनाडु के नागरकोइल तक, गुजरात के नलिया से मिजोरम के आइजोल तक को कवर करती है।
दूसरी तरफ बीएसई में आईसीआईसीआई बैंक का शेयर 478.70 रुपये के पिछले बंद स्तर के मुकाबले आज 480.00 रुपये पर खुल कर 495.90 रुपये के ऊपरी स्तर तक चढ़ा है, जो इसके पिछले 52 हफ्तों का शिखर है। करीब डेढ़ बजे बैंक के शेयरों में 17.00 रुपये या 3.55% की मजबूती के साथ 495.70 रुपये के भाव पर कारोबार हो रहा है। इस भाव पर बैंक की बाजार पूँजी 3,20,205.23 करोड़ रुपये है। वहीं इसके पिछले 52 हफ्तों का निचला स्तर 335.90 रुपये का रहा है। (शेयर मंथन, 08 नवंबर 2019)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख