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दीप डायमंड शेयरों का सोशल मीडिया प्रचार का क्या असर हो रहा, क्या इसे खरीदना सही है?

एक निवेशक जानना चाहते हैं कि उन्हें पर्सिस्टेंट सिस्टम्स (Deep Diamond India) के शेयर में आगे क्या करना चाहिए? आइए, बाजार विश्लेषक शोमेश कुमार से जानते हैं कि शेयरों में आगे क्या होने की संभावना है?

 बाजार विश्लेषक शोमेश कुमार इस सवाल के जवाब में कहते हैं कि हाल ही में दीप डायमंड कंपनी को लेकर यूट्यूब पर काफी प्रचार देखने को मिल रहा है। कई वीडियो दावा कर रहे हैं कि कंपनी एआई तकनीक के जरिए 30 सेकंड में आपके चेहरे और आपकी पूरी मेडिकल जन्म कुंडली का विश्लेषण कर सकती है। हालांकि, इस प्रचार का वास्तविकता से कोई सीधा संबंध नहीं है और निवेशकों को इसे गंभीरता से लेने से पहले सतर्क रहने की जरूरत है। सब्सक्रिप्शन वाले प्लेटफॉर्म पर विज्ञापन आते हैं, लेकिन वास्तविक आंकड़ों के आधार पर यह प्रचार अक्सर कंपनी की वास्तविक क्षमता से मेल नहीं खाता। दीप डायमंड जैसी छोटी कंपनियों में, जिनका मार्केट कैप 100 रुपये करोड़ से कम है, पिछले आंकड़ों में अक्सर कमाई नगण्य रहती है, और अचानक थोड़े समय के लिए बढ़ोतरी दिखने पर भी इसे अतिउत्साह के साथ न देखना चाहिए। 

वास्तविकता यह है कि काम करने वाली कंपनियां अपने परिणाम से पहचान बनाती हैं और जिनके काम में दम है, वे अपने काम से ही निवेशकों का भरोसा जीतती हैं। प्रचार या विज्ञापन केवल दृश्यता बढ़ाने का जरिया है, जबकि मजबूत फंडामेंटल्स और सही प्रोडक्ट ही लंबे समय तक निवेशकों को आकर्षित करते हैं। 

सेबी ने पहले भी सोशल मीडिया पर प्रचार और निवेशक व्यवहार के पैटर्न का अध्ययन किया है। इसके आधार पर यह देखा गया है कि कई बार कंपनियों के विज्ञापनों और सोशल मीडिया प्रचार के पीछे निवेशकों को आकर्षित करने की रणनीति रहती है। हालांकि, दीप डायमंड के मामले में अभी तक यह साबित नहीं हुआ है कि कंपनी खुद इन वीडियोस के पीछे है। फिर भी, जो पैटर्न सेबी के पुराने मामलों में दिखा है, वह इस मामले में भी काफी हद तक दिखाई देता है।


(शेयर मंथन, 01 जनवरी 2026)

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