शेयर मंथन में खोजें

मैगी (Maggi) विवाद पर बंबई उच्च न्यायालय पहुँची नेस्ले इंडिया (Nestle India)

nestle indiaनेस्ले इंडिया (Nestle India) ने 5 जून 2015 को भारत के खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) द्वारा नूडल्स के मैगी (Maggi) ब्रांड पर जारी किये गये आदेश की समीक्षा के लिए आज बंबई उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है।  एफएसएसएआई ने मोनोसोडियम ग्लूटामेट (MSG) के चलते नेस्ले इंडिया को भारत में सभी खुदरा दुकानों से मैगी नूडल्स उत्पादों को वापस लेने के लिए कहा था। इसके बाद कंपनी ने सभी खुदरा दुकानों से मैगी नूडल्स वापस ले लिये। कंपनी ने कहा है कि नूडल्स ब्रांड के लिए मंजूरी प्राप्त करने के लिए संबंधित अधिकारियों से सहयोग करेंगे। नेस्ले इंडिया तीन दशकों के लंबे समय से भारत में मैगी बेचती रही है।
इस महीने की शुरुआत में नेस्ले के वैश्विक सीईओ ने यह आश्वासन दिया कि मैगी उपभोग के लिए सुरक्षित है और कंपनी इसमें मोनोसोडियम ग्लूटामेट नहीं मिलाती है। उत्तर प्रदेश के खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग के बयान के बाद कई राज्यों में मैगी का परीक्षण किया गया। 
शेयर बाजार में आज सुबह नेस्ले इंडिया ने मजबूती के साथ शुरुआत की, मगर बाद में इसकी बढ़त हल्की हो गयी। दोपहर करीब दो बजे बीएसई में नेस्ले इंडिया का शेयर भाव केवल 5.95 रुपये या 0.10% की हल्की बढ़त के साथ 6,062.50 रुपये के स्तर पर है। (शेयर मंथन, 11 जून 2015)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख