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दीपावली में रिकॉर्ड 3.75 लाख करोड़ रुपये का हुआ कारोबार : CAIT

दीपावली के त्योहार में भारत के खुदरा बाजारों में रिकॉर्ड 3.75 लाख करोड़ रुपये का अब तक कारोबार हुआ है। यह जानकारी अखिल भारतीय व्यापारी परिसंघ (Confederation of All India Traders) ने दी है।

22 नवंबर को 20 साल बाद आ रहा टाटा समूह की कंपनी Tata Technologies का आईपीओ

टाटा समूह की कंपनी टाटा टेक्नोलॉजीज (Tata Technologies Ltd) के आरंभिक सार्वजनिक पेशकश (IPO) में निवेशक 22 नवंबर से अभिदान कर सकेंगे। इसकी मूल कंपनी टाटा मोटर्स (Tata Motors Ltd) सोमवार देर शाम इसकी जानकारी दी। यह आईपीओ 24 नवंबर तक खुला रहेगा।

अक्तूबर में घटी खुदरा महँगाई दर, चार माह के निचले स्तर 4.87% पर आयी

उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) पर आधारित महँगाई दर अक्तूबर माह में घट कर चार महीने के निचले स्तर 4.87% पर आ गयी है। सांख्यकीय कार्यालय द्वारा सोमवार (13 नवंबर) को जारी सरकारी आँकड़ों के मुताबिक खाद्य उत्पादों के मूल्य में कमी की वजह से अक्तूबर में महँगाई दर में नरमी देखने को मिली है।

Suzlon Energy के शेयर तीसरे दिन भी चढ़े, म्यूचुअल फंड ने अक्तूबर में बेचे 13 करोड़ शेयर

एमएससीआई (MSCI) में शामिल होने की अटकलों के बीच बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) पर सुजलॉन एनर्जी के शेयर सोमवार (13 नवंबर) को शुरुआती कारोबार में 1.12% की तेजी के साथ 38.84 रुपये पर कारोबार कर रहे थे। इसके शेयरों में आज लगातार तीसरे दिन तेजी दर्ज की गयी। हालाँकि शाम को इसके शेयर 0.23 रुपये की तेजी के साथ 38.64 रुपये पर 0.60% बढ़ कर बंद हुए।

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

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