शेयर मंथन में खोजें

नये उच्च स्तर की तरफ बढ़ रहा निफ्टी, अमेरिकी आँकड़ों से बाजार लेगा संकेत : सिद्धार्थ खेमका, मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज

मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज (Motilal Oswal Financial Services Ltd) में रीटेल रिसर्च प्रमुख सिद्धार्थ खेमका के मुताबिक शुक्रवार (26 जुलाई) को निफ्टी में मासिक एफऐंडओ निप्टान के एक दिन बाद तीव्र रिकवरी देखने को मिली और ये 429 अंक (1.7%) की उछाल के साथ सर्वकालिक उच्च स्तर के करीब बंद हुआ। 

व्यापक बाजार भी 1% की तेजी के साथ हरे निशान में बंद हुए। पिछले 5 कारोबारी सत्र की बिकवाली के बाद बाजार में निचले स्तरों पर खरीदारी से प्रेरित रिकवरी देखने को मिली। इसके साथ ही अनुमान से बेहतर रहे अमेरिका के जीडीपी आँकड़ों ने भी सकारात्मक बाजार भावना में योगदान दिया। बाजार आज देर शाम आने वाले अमेरिका के पीसीई आँकड़ों से भी संकेत लेगा। 

भारतीय शेयर बाजार ने मजबूत लचीलापन दिखाने के साथ ही व्यापक बाजारों के मुकाबले उम्मीद से बहुत अच्छा प्रदर्शन किया है। निफ्टी नये उच्च स्तर की तरफ और आईटी, फार्मा, ऑटो और एफएमसीजी क्षेत्रों के समर्थन से 25000 के अगले निर्णायक स्तर  बढ़ रहा है, जबकि बैंकिंग क्षेत्र में अब भी दबाव बना हुआ है। 

(शेयर मंथन, 26 जुलाई 2024) 

(आप भी किसी शेयर, म्यूचुअल फंड, कमोडिटी आदि के बारे में जानकारों की सलाह पाना चाहते हैं, तो सवाल भेजने का तरीका बहुत आसान है! बस, हमारे व्हाट्सऐप्प नंबर +911147529834 पर अपने नाम और शहर के नाम के साथ अपना सवाल भेज दें।)

Add comment

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख