शेयर मंथन में खोजें

लाल निशान के साथ बंद हुए एशियाई बाजार

बुधवार को यूरोप और अमेरिका के शेयर बाजारों में आयी कमजोरी के बाद गुरुवार को एशियाई शेयर बाजारों में भी गिरावट का रुख रहा। जापान के निक्केई सूचकांक में 6.89% की कमजोरी आयी, जबकि दक्षिण कोरिया का कॉस्पी सूचकांक 6.7% नीचे बंद हुआ। ताइवान वेटेड में 4.53% की गिरावट दर्ज की गयी। हांगकांग का हैंग सेंग सूचकांक 4% से अधिक कमजोरी के साथ बंद हुआ।  सिंगापुर के स्ट्रेट टाइम्स सूचकांक में 3.1% की गिरावट दर्ज की गयी, जबकि इंडोनेशिया के जकार्ता कंपोजिट सूचकांक में 2.15% की कमजोरी रही। कल के कारोबार में 6% से अधिक की बढ़त दर्ज करने वाला चीन का शंघाई कंपोजिट सूचकांक भी गिरावट की चपेट में आने से बच नहीं सका। हालांकि यहां अन्य एशियाई बाजारों की तुलना में कम गिरावट देखी गयी। दिन भर के कारोबार के बाद शंघाई कंपोजिट 1.67% की कमजोरी दर्ज करने के बाद बंद हुआ। बीएसई सेंसेक्स सूचकांक 3.68% की गिरावट के साथ बंद हुआ।

कंपनियों की सुर्खियाँ

निवेश मंथन पत्रिका

  • नये ट्रंप टैरिफ का भारत पर कैसा असर - निवेश मंथन (जनवरी 2026)

    अभी-अभी फरवरी के आरंभ में भारत-अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा (फ्रेमवर्क) पर सहमति बनी ही थी, और लगा था कि साल भर की अनिश्चितता पर विराम लगने वाला है। पर अब अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने ट्रंप टैरिफ को रद्द कर दिया है और ट्रंप ने इसकी काट निकालते हुए एक नया टैरिफ घोषित कर दिया है।  

  • बाजार सर्वेक्षण : घरेलू मजबूती पर भरोसा - निवेश मंथन (दिसंबर 2025)

    हमारे शेयर बाजार में वर्ष 2025 को एक दुःस्वप्न की तरह समझा जा रहा है। हालाँकि एक राय यह भी है कि 2025 को बाजार के लिए खराब मानना धारणा अधिक है, तथ्य कम। फिर भी, बाजार में अधिकांश लोग चाह रहे हैं या मान रहे हैं कि 2026 में बाजार का हाल 2025 से अच्छा ही रहना चाहिए। 

देश मंथन के आलेख